
डॉ. सुरेन्द्र सागर, आरा(बिहार)
जनता दल यूनाइटेड की राष्ट्रीय नेत्री एवं पूर्व सांसद श्रीमती लवली आनन्द ने बिहार के काराकाट संसदीय सीट से चुनाव लड़ रहे राष्ट्रीय लोक मोर्चा के प्रमुख एवं एनडीए के उम्मीदवार उपेंद्र कुशवाहा को भारी मतों के अंतर से विजयी बनाने की अपील की है।उन्होंने उपेंद्र कुशवाहा की जीत सुनिश्चित करने के लिए काराकाट में हेलीकॉप्टर से पहुंचकर चुनाव प्रचार भी किया है और काराकाट के मतदाताओं एवं आम नागरिकों के नाम एक मार्मिक एवं आंखें खोल देने वाला संदेश भी जारी किया है।पूर्व सांसद श्रीमती लवली आनन्द ने अपने संदेश में कहा है कि राजनीति एक साधन है,तपस्या है।वर्षों की कड़ी मेहनत,कठिन तपस्या के बाद कोई मुखिया,सरपंच,जिला पार्षद,एमएलए,एमपी के लायक बन पाता है।उसकी जगह कोई रिटायर नौकरशाह,धन पशु एवं नाचने गाने वाले ले ले यह देश के लिए दुर्भाग्य है।श्रीमती लवली आनन्द ने काराकाट की जनता के नाम जारी संदेश में साफ कहा है कि एक तरफ उपेंद्र कुशवाहा हैं- जिनके पास एमएलए, एमएलसी,राज्यसभा, लोकसभा,मंत्री और नेता प्रतिपक्ष का अनुभव है और दूसरी तरफ कला के नाम पर अश्लीलता परोसने वाले लोग। यह देश के भविष्य का चुनाव है।चुनना आपको है कि आप किन्हें पसंद करते हैं।मैं एक औरत हूँ और औरत का दर्द समझती हूं।सोंचिये जो अपना घर नही संभाल सका वो काराकाट को क्या संभालेगा?
उन्होंने कहा है कि लव कुश समाज ने हमें शिवहर में भरपूर समर्थन दिया है।राम परिवार का भी फर्ज बनता है कि हम यहां उन्हें 100 प्रतिशत योगदान दें।
उपेंद्र कुशवाहा जी और आनन्द मोहन जी का रिश्ता राजनीतिक कम और पारिवारिक ज्यादा है। वे छोटे बड़े भाई हैं। उस हक से आनन्द मोहन जी का संदेश लेकर काराकाट आई हूं कि आप अपार बहुमत से विजयी बनाकर उपेंद्र जी को दिल्ली भेजें ताकि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र भाई मोदी जी का हाथ मजबूत हो सके।
जनतादल यूनाइटेड की राष्ट्रीय नेत्री एवं पूर्व सांसद श्रीमती लवली आनन्द का काराकाट समेत सम्पूर्ण शाहाबाद में व्यापक प्रभाव होने के कारण उनके इस संदेश का यहां खासा असर होना शुरू हो गया है। भोजपुर,बक्सर,रोहतास और कैमूर जिले के चप्पे चप्पे में पूर्व सांसद आनन्द मोहन के समर्थक भरे पड़े हैं और ये समर्थक हार को जीत में बदलने का जज्बा रखते हैं।यही वजह है कि जैसे ही श्रीमती लवली आनन्द ने काराकाट में उपेंद्र कुशवाहा के लिए प्रचार किया वैसे ही जातीय समीकरण उपेंद्र कुशवाहा के पक्ष में होता दिखाई देने लगा।जो कल तक नाचने गाने वालों का जयकार कर रहे थे वे अब उस बम्बइया निर्दलीय के साथ सेल्फी लेने से भी परहेज करने लगे हैं।काराकाट में तो अब निर्दलीय उम्मीदवार बनने से पूर्व मुम्बई में कुछ भोजपुरी अभिनेत्रियों द्वारा लगाए गए गंभीर आरोप और इस संबंध में दर्ज कराई गई शिकायतों और फिर उसे रुपये पैसे के बल पर मैनेज कर रफा दफा कराने की बात भी लोगों द्वारा लोगों के बीच चर्चाओं में है।
ऐसे में उपेंद्र कुशवाहा के लिए मुम्बई से छनकर आ रही निर्दलीय उम्मीदवार की सच्चाई भी संजीवनी की तरह काम करती दिखाई दे रही है।फिलहाल पूर्व सांसद श्रीमती लवली आनन्द का संदेश तेजी से लोगों को उपेंद्र कुशवाहा के पक्ष में गोलबंद करने में सफल रहा है।